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मंगलवार, 10 मार्च 2009

उडा ले गए सिर से छत भी


बात आज से करीबन दो या तीन महीने पहेले की है जब हम सुबह सुबह घर से घूमने जाने के लिए निकले तो पाया की हमारे इलाके यमुनापार (शास्त्री पार्क ) में भी लोगो के लिए सड़क के दोनों और एक - एक बस स्टैंड शेल्टर का निर्माण हो चुका है यह देखकर मन बहुत प्रसन हुआ , यानि की लोगो को बारिश ,तपती धुप से बचने और अपने बस ,रिकशा आदि के इंतजार को करने में कुछ रहत तो अवश्य मिलेगी लेकिन यह क्या अभी तो इस के बारे में इस के फायेदे के बारे में चर्चा ही शुरू हुई थी की एक महीने बाद फिर घर से निकले तो पाया की शेल्टर का एक और की सड़क का आधा हिस्सा तो गायब ही है चलो खेर थोड़े दिन और बीते तो फिर पाया की जो आधा गायब था वहा अब बचा हुआ आधा भी नही रहा यानि जैसा शुरू से उस जगह को देखते आए थे व्हो फिर वैसी ही हो गईअच्छा जी अभी तो बात एक ही और के शेल्टर की हुई है अभी तो दूसरी और का शेल्टर तो बचा हुआ ही है न जाने किस की कृपासे

परन्तु अधिक प्रसंता की जरुरत नही है अब बारी है दुसरे की जब थोड़े दिन पहेले देखातो एक पाइप गायब फिर दूसरा फिर धीरे धीरे करके सब गायब हो गया आज जब हम सड़क से गुजरे तो पाया की यह भी पुरा गायब हो चुका है आखिर कार यह मझरा क्या है भाई हमें तो कुह समझ नही पड़ रहा था इलेक्शन थे तो सब बने और होते ही सब गायब पर भइया आप ग़लत न समझे यह पार्षद या विधायक का काम नही है आखिर व्हो ऐसा क्यो करेगे उन्होंने ही तो निर्माण कराया था

लेकिन जब हम ने लोगो से बात की इस बारे में तो पाया की यह काम इस्मेकियो का है या कबाडियों का बेअशक यह शेल्टर पुरे गायब हो चुके हो पर किसी को कोई फरक नही पड़ता आखिर पड़े भी क्यो केवल उन लोगो को छोड़ कर जिन्हें इसे इस्तेमाल करना था यह तो केवल एक शेल्टर की ही बात है न जाने ऐसे कितने ही शेल्टर और bahut sa सरकारी saamaan churaayaa जा चुका है या churaaya जाना baakee hai ... ये haal तो tab है जब चार kadmoo ki doori par police chowki है ! जब तक मैं ये lekh लिख रही hu tab तक bhut sa smaan kabadiyoo kee dukan तक pahuch चुका hoga ! और जिन के द्वारा इन का निर्माण कराया गया उनहे तो इसका पता भी नही होगा !


आखिरकार अब swaal ये khadaa होता ही की इन सब की suraksha की jimmewari कौन लेगा ! क्या सरकार का काम केवल इन्हे laagwaana है ???? या इनकी suraksha को sunishchit करना भी?


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